
ट्राई सिटी फोटो आर्ट सोसाइटी ने दी श्रद्धांजलि
चंडीगढ़, 27 अप्रैल, पंजाबी दुनिया ब्यूरो:
भारत के प्रख्यात फोटोग्राफर रघु राय का 83 वर्ष की उम्र में रविवार को निधन हो गया। फोटोग्राफी से जुड़े लोगों ने उनके स्वर्गवास पर गहरा दुख व्यक्त किया है। रघु राय के बारे में प्रसिद्ध है कि उन्होंने कैमरे के लेंस से उस भारत को दुनिया के सामने रखा, जो कभी किताबों में भी नहीं मिला। भारतीय फोटो पत्रकारिता की दुनिया में एक ‘संस्था’ बन चुके रघु राय का फोटोग्राफी का सफर किसी फिल्म की कहानी जैसा रहा। 1960 के दशक में जब उन्होंने ‘द स्टेट्समैन’ अखबार से अपना करियर शुरू किया, तो किसी को अंदाजा नहीं था कि एक दिन उनकी तस्वीरें इतिहास के दस्तावेजों के रूप में पढ़ी जाएंगी। 1976 में उन्होंने स्वतंत्र राह चुनी और फिर एक दशक तक ‘इंडिया टुडे’ में डायरेक्टर ऑफ फोटोग्राफी के तौर पर काम किया। उनके योगदान को देखते हुए भारत सरकार ने 1972 में ही उन्हें ‘पद्मश्री’ से अलंकृत किया था। रघु राय अक्सर कहते थे कि एक फोटोग्राफर कभी रिटायर नहीं होता, बल्कि वह अपने नजरिए को ओर गहरा करता है।
तपस के सदस्यों ने दी श्रद्धांजलि
ट्राई सिटी फोटो आर्ट सोसायटी चंडीगढ़ ने रघुराय के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। इस मौके पर संस्था के मेंटर दीप भाटिया ने कहा कि श्री रघु राय के निधन से भारतीय फोटोग्राफी के एक युग का अंत हो गया है। उनकी रचनाओं ने हमें प्रत्यक्ष से परे देखना सिखाया—महसूस करना, अवलोकन करना और जुड़ना सिखाया। वे हम जैसे अनगिनत फोटोग्राफरों के लिए एक महान प्रेरणा और मार्गदर्शक थे। तपस के संस्थापक सदस्य विनोद चौहान ने श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि भारतीय फ़ोटोग्राफ़ी के सच्चे दिग्गज, रघु राय के निधन से गहरा दुख हुआ। उनकी तस्वीरें महज़ फ़ोटो नहीं थीं, बल्कि जीवन, संस्कृति और मानवता की सशक्त कहानियाँ थीं। दृश्य कला की दुनिया में उनका योगदान सदा अमर रहेगा। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति प्रदान करे।
छायाचित्रकारी एक अनमोल हीरे से वंचित हो गई
तपस के वर्तमान प्रेसिडेंट जसबीर सिंह ने कहा कि फोटोग्राफी समुदाय ने एक सच्चे कलाकार को खोया है। उनका आर्ट वर्क दुनिया के लिए तोहफा है, जिन्होंने भी उनका अद्भुत काम नजदीक से देखा है। संस्था के पूर्व प्रधान प्रवीण जग्गी ने कहा कि छायाचित्रकारी में हम एक अनमोल हीरे से वंचित हो गए हैं और उनकी कमी हमें कई युगों तक विचलित करेगी। रघु राय सर ने अपने हरेक फ्रेम के साथ एक कहानी को साझा किया है। प्रसिद्ध वाइल्ड फोटोग्राफर अनुज जैन ने बताया कि वह रघु राय जी से एक बार दिल्ली में मिले थे। जब उन्होंने बताया कि वह उनके वर्क के फैन हैं तो उन्होंने अपनी फोटोग्राफी की एक बुक भेंट की थीं।
भारत ने फोटोग्राफी का एक चमकता सितारा खो दिया
इस अवसर पर जनरल सेक्रेटरी संजीव निझावन ने कहा कि भारत ने फोटोग्राफी का एक चमकता सितारा खो दिया है। अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए अरूण खन्ना ने कहा ‘लेंस के उस्ताद अब हमारे बीच नहीं रहे। उनकी तस्वीरों ने उन पलों को आवाज़ दी जिन्हें शब्द कभी व्यक्त नहीं कर सकते।’
प्रेस सचिन हेमंत चौहान ने पुरानी यादें स्मरण करते हुए बताया कि पंजाब कला भवन में एक कार्यक्रम में उन्हें रघु राय जी से मिलने और उनकी कुछ तस्वीरें खिंचने का मौका मिला था।